करीब 5 साल पहले मैंने कहीं पढ़ा था,
''आज का दिन तुम्हारी बची हुई ज़िन्दगी का पहला दिन है ''
यह कथन मुझे हर दिन सकारात्मक सोचने के लिए प्रेरित करता है। इस छोटे से कथन में बहुत बड़ा सार छुपा हुआ है। हम बेवजह छोटी छोटी बेकार की बातों में अपना समय व्यर्थ कर जीवन के अनमोल समय को गवां देते हैं। हर दिन को पहला दिन समझ कर खुलकर जियो क्योंकि ज़िन्दगी बहुत छोटी है और कम है। आप भी स्वयं चिंतन करें और अपने विचार व्यक्त करें।
''आज का दिन तुम्हारी बची हुई ज़िन्दगी का पहला दिन है ''
यह कथन मुझे हर दिन सकारात्मक सोचने के लिए प्रेरित करता है। इस छोटे से कथन में बहुत बड़ा सार छुपा हुआ है। हम बेवजह छोटी छोटी बेकार की बातों में अपना समय व्यर्थ कर जीवन के अनमोल समय को गवां देते हैं। हर दिन को पहला दिन समझ कर खुलकर जियो क्योंकि ज़िन्दगी बहुत छोटी है और कम है। आप भी स्वयं चिंतन करें और अपने विचार व्यक्त करें।